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क्या आप बच्चों को हर छोटी गलती पर सजा देते है? जानिये इसके दुष्प्रभाव

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Created by Parentune Support
Updated on Aug 21, 2017

क्या आप बच्चों को हर छोटी गलती पर सजा देते है जानिये इसके दुष्प्रभाव

माता-पिता होना एक अनोखा एहसास है। यह हमारे अंदर जिम्मेदारी का अहसास पैदा करता है, हमें विनम्र और सहनशील भी बनाता है पर क्या हम हमेशा इन बातों पर खरा उतर पाते हैं, शायद नहीं। कई बार हमारे बच्चे कुछ ऐसा कर बैठते हैं जो हमारे सब्र का बांध तोड़ देता है और हम उन्हे सजा देने पर मजबूर हो जाते हैं।

हालांकि ऐसा करने के पीछे हमारी मंशा केवल इतनी होती है कि बच्चा उस गलती को दुहराने से बचे पर बच्चों को छोटी-छोटी गल्तियों की सजा देना भी हमेशा ठीक नहीं होता। कई बार ऐसा करना उल्टा असर भी करता है।

 

आईए जानें कि बच्चों को हर छोटी गलती पर सजा देना कैसे खतरनाक हो सकता है।

 

बच्चों के छोटी-छोटी गल्तियों पर सजा देने के दुष्प्रभाव

1. बच्चे में बुरी भावना को जन्म देता हैः बार-बार सजा देने से बच्चे के अंदर आपके लिए बुरी भावना आ सकती है और हो सकता है कि वह आपसे नफरत करने लगे।

2. बच्चा ढीठ हो जाता हैः बार-बार उसे डांटने, मारने-पीटने पर बच्चा खुद को इसके लिए दिमागी रूप से तैयार कर लेता है और फिर जरूरी नहीं कि वह आपकी हर बात मानें।

3. बच्चा बागी हो सकता हैः बच्चे को सजा देना उसके बर्ताव को बागी बनाने के साथ हिम्मती भी बना देता है। वह आपको पलट कर जबाब दे सकता है और कई बार माँ-बाप के हाथ उठाने पर पलट कर मार भी देते हैं।

4. बच्चे को चिढ़चिढ़ा और जिद्दी बना देता हैः बच्चा छोटी-छोटी बातों पर चिढ़चिढ़ाने लगता है और अपनी बात मनवाने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है।

5. बच्चे में डर या फोबिया पैदा करता हैः कुछ बच्चों का दिमाग कोमल होता है। ऐसे बच्चों को बार-बार डांटने या मारने-पीटने से उनके दिमाग पर बड़ा अघात लगता है और बच्चे डर या फोबिया के शिकार हो जाते हैं। यह डर या फोबिया उनके मन में घर कर लेता है जो उनके दिमागी विकास को रोक सकता है।

6. बच्चे में हीन भावना पैदा करता हैः बच्चे को दूसरे भाई-बहन के सामने या उसके दोस्तों के सामने सजा देना उसके अंदर हीन भावना पैदा कर देता है जिससे वह अन्र्तमुखी या दब्बू होने लगता है और घर के बाहर दोस्तो-यारों के साथ या दूसरों लोगों के साथ होने पर असहज महसूस करता है।

 

क्या सजा देना ही एक मात्र रास्ता है?

न्हीं!! जरूरी नहीं की बच्चे को हर गलती या उसकी छोटी से छोटी गलती के लिए सजा दी जाए इसलिए सजा देने से पहले विचार करें कि क्या यह वाकई जरूरी है और ऐसा करने से क्या आपके नुकसान की भरपाई हो सकती है।

हममें से शायद ही कोई ऐसा हो जिसने अपने बचपन में दूध फैलाने, स्कूल में पेंसिल बाॅक्स खोने या खिलौने तोड़ देने जैसी तमाम गल्तियां न की हों। हमें समझना होगा कि बच्चे, बच्चे होते हैं और उनमें हमारी तरह हर बात की अच्छाई-बुराई की समझ नहीं होती इसलिए जरूरी है कि बच्चे को डांटने के बजाय उसके बर्ताव को अच्छी तरह से समझें, उसकी गलती के लिए उसे प्यार से समझाएं और उसकी गलती का अहसास दिलाएं जिससे बच्चा ऐसी गलती दुबारा करने से बच सके। 

  • 25
Comments()
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| Oct 04, 2017

Very help full

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| Oct 01, 2017

Nice .ur right

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| Sep 29, 2017

Right thing

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| Sep 12, 2017

it's true

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| Aug 31, 2017

quite true

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| Aug 31, 2017

many times we face this so now we can manage easily

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| Aug 27, 2017

thanku I will definitely try this

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| Aug 26, 2017

Rashmi Nagpal sirf ek controlled behaviour se... jaise bachhe ko gaur se thodi der tak ghoor ke dekhe ya phir kuch samay tak usse baat na karein ....lekin yadi aapne gussa kar diya to yeh saari cheezi asar nahi karengi

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| Aug 26, 2017

aap sahi keh rahe hain. per use apni galti ka ehsaas kaise karwain

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| Aug 25, 2017

Akansha Charu Garg we will have to be patient and try and treat this behaviour by more rewards and less punishment For instance if your child is repeating his behaviour make sure you defer rewards till there is an improvement. But there has to be a controlled environment to make this happen for which the onus goes to parents. When we shout it's a clear message that we are passing to children that they are inferior and what they realise is to shout back to compensate for this behaviour. Hence the change has to start from us....

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| Aug 25, 2017

Shiwani Uppal Rakhi Khanna children seem to realize only after a certain age when they are conscious... till then you just have to keep working towards it

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| Aug 25, 2017

UykOh,udokobFbjitj. bscl mc

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| Aug 24, 2017

Yes it's true but what should be done to manage extra naughty and arrogant children

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| Aug 24, 2017

thanks very much

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| Aug 24, 2017

very good

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| Aug 24, 2017

helpful

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| Aug 23, 2017

It's very helpful. Thank u

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| Aug 22, 2017

meri beti bhi bahut jiddi or jab wo galti karti he me use bahut gussa karti hu par wo par wo wapas mujhe jawab dene lag gai he mujhe samajh nahi aata kya karu suggest something

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| Aug 22, 2017

It's my just about kids but also it's applicable to adults as well...

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| Aug 22, 2017

yes u right bt aesa hota hi Nhi

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| Aug 22, 2017

Good

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| Aug 22, 2017

Need English translation for this . Looks like very useful information. But I can understand little hindi only.

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| Aug 22, 2017

pls tell how to realize

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| Aug 21, 2017

nice. but How to realize

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