शिक्षण और प्रशिक्षण

बच्चे को जरूर बताएं अपने शहर व गांव से जुड़े ऐतिहासिक महत्व

Deepak Pratihast
11 से 16 वर्ष

Deepak Pratihast के द्वारा बनाई गई
संशोधित किया गया Jul 30, 2018

बच्चे को जरूर बताएं अपने शहर व गांव से जुड़े ऐतिहासिक महत्व

बच्चा जब छोटा होता है, तो उसके मन में कई जिज्ञासाएं होती हैं, वह बहुत कुछ जानना चाहता है, पैरेंट्स से बहुत कुछ पूछता है। कई पैरेंट्स न सिर्फ बच्चे की ओर से पूछे गए हर सवालों का जवाब देते हैं, बल्कि अपनी तरफ से भी उन्हें अतिरिक्त चीजों के बारे में बताते रहते हैं, ताकि उनका ज्ञान व समझ बढ़ सके। अगर आप भी पैरेंट्स हैं, तो आपके लिए ये जरूरी है कि आप अपने लाडले को एक्स्ट्रा जानकारी देते रहें। खासकर उन्हें अपने शहर व गांव के ऐतिहासिक महत्व के बारे में जरूर बताएं। इस ब्लॉग में हम बात करेंगे आखिर बच्चों को अपने शहर व गांव का ऐतिहासिक महत्व बताना क्यों जरूरी है और इससे क्या फायदे होते हैं।


 बच्चे को ऐतिहासिक महत्व के बारे में बताना इसलिए है जरूरी / The Child Should Tell About historical Importance in Hindi

  1. दरअसल जब बच्चा समझना शुरू करता है, तो उस दौरान उसके मन में कई सवाल होते हैं। उस अवस्था में उसे जो बताया जाता है उसे वह मान लेता है। क्योंकि उसकी खुद की समझ या खुद का ज्ञान इतना नहीं होता, जिससे वह सब कुछ खुद ही समझ सके। उसे न तो ये पता होता है कि वह किस शहर में रह रहा है और न ही वो ये जानता है कि उसका ताल्लुक किस गांव से है औऱ उसके गांव व शहर का क्या महत्व है। कई बार जब कोई रिश्तेदार या मेहमान बच्चे से उसके गांव व शहर के बारे में पूछते हैं, तो वह जानकारी न हो पाने के कारण जवाब नहीं दे पाता। इससे उसे बुरा भी लगता है। इन सब बातों को देखते हुए यह बहुत जरूरी हो जाता है कि उसे आप खुद से अपने गांव व शहर के ऐतिहासिक महत्व को बताएं। अगर उसे इसकी जानकारी होगी तो उसके सामने ऐसी स्थिति कभी नहीं बनेगी। 
  2. अगर आप उसे शहर व गांव के ऐतिहासिक महत्व के बारे में बताएंगे तो इससे उसकी नॉलेज बढ़ेगी।
  3. अगर उसके शहर व गांव से ऐतिहासिक चीजें जुड़ीं होंगी, तो उसे सुनकर वह गौरवान्वित महसूस करेगा।
  4. उसके मन में अपने गांव व शहर के लिए प्यार जागेगा, वह अपने गांव व शहर से जुड़ा रहेगा।
  5. अपने गांव व शहर की अच्छी बातों के बारे में वह अपने दोस्तों को भी गर्व से बताएगा। 
  6. उसे अपनी जड़ों, अपने पूर्वजों व अपनी संस्कृति के बारे में पता रहेगा। इससे वह कभी भी अपने गांव व शहर से नहीं कटेगा।
  7. स्कूल में अगर टीचर उससे गांव व शहर से जुड़े सवाल पूछेंगे तो वह ब्लैंक नहीं रहेगा। वह फटाफट उनके सवालों का जवाब देगा।
  8. आपका बच्चा जब बड़ा होगा और नौकरी या पढाई के सिलसिले में किसी इंटरव्यू को फेस करेगा तो उससे ये सवाल भी पूछा जा सकता है कि वो कहां का रहने वाला है और उस जगह की क्या खासियत है। इस तरह के सवाल अक्सर पूछे जाते हैं तो अगर उसको बचपन से ही जानकारी होगी तो ये उसके भविष्य के लिए भी अच्छा रहेगा
  9. अब जैसे की इस ब्लॉग में दिखाई गई तस्वीर बिहार के दरभंगा जिले की है। दरभंगा में इस किले को दरभंगा महाराज का किला या रामबाग का किला के नाम से जाना जाता है। रामबाग कैम्पस चारों ओर से दीवार से घिरा हुआ है और लगभग ८५ एकड़ जमीन में फैला हुआ है | दरभंगा राज किले का निर्माण १९३४ ई० में आरम्भ किया गया। महाराजा कामेश्वर सिंह की मृत्यु के बाद उनके उत्तराधिकारियों ने रामबाग़ परिसर की कीमती जमीन को बेचना शुरू कर दिया |देखते ही देखते जमीन खरीदने वालों ने भी अपने -अपने मकान बना कर कालोनियों का निर्माण कर लिया और आलीशान होटल एवं सिनेमा घर की भी स्थापना हो गयी| किन्तु इस सबके बावजूद दरभंगा का राज किला आज भी दरभंगा अपितु सम्पूर्ण मिथिलांचल के लिए एक आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस तरह की कई और ऐतिहासिक महत्व वाली घटनाओं और इमारतों के बारे में हमें अपने बच्चे को जरूर बताना चाहिए।

आपका एक सुझाव हमारे अगले ब्लॉग को और बेहतर बना सकता है तो कृपया कमेंट करें, अगर आप ब्लॉग में दी गई जानकारी से संतुष्ट हैं तो अन्य पैरेंट्स के साथ शेयर जरूर करें।

  • कमेंट
कमैंट्स()
Kindly Login or Register to post a comment.
+ ब्लॉग लिखें
Loading
{{trans('web/app_labels.text_Heading')}}

{{trans('web/app_labels.text_some_custom_error')}}

{{trans('web/app_labels.text_Heading')}}

{{trans('web/app_labels.text_some_custom_error')}}