• लॉग इन करें
  • |
  • रजिस्टर
गर्भावस्था

जानें विटामिन C से जुड़े कुछ फायदे आपकी गर्भावस्था के लिए

Prasoon Pankaj
गर्भावस्था

Prasoon Pankaj के द्वारा बनाई गई
संशोधित किया गया Feb 12, 2020

जानें विटामिन C से जुड़े कुछ फायदे आपकी गर्भावस्था के लिए
विशेषज्ञ पैनल द्वारा सत्यापित

गर्भावस्था में आपको तरह-तरह के अतिरिक्त पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है। विटामिन ‘सी’ ऐसे ही महत्वपूर्ण पोषक तत्वों में से एक है। इसी क्रम में आपको संतरा जैसे खट्टे फल खाने की इच्छा होती है जिनमें विटामिन ‘सी’ की भरपूर मात्रा होती है।

गर्भावस्था के दौरान विटामिन सी से भरपूर आहार / Vitamin C Rich Food/Diet During Pregnancy-time

विटामिन सी एक ऐसा तत्त्व है, जो हमारे ऊतकों को रिपेयर करता है और साथ ही घाव भरने, हड्डियों के विकास, मरम्मत, और त्वचा को स्वस्थ रखने के लिए भी बहुत जरुरी है। विटामिन सी, हमारे इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाता है और बहुत से इन्फेक्शन से लड़ने की ताकत देता है। इसे पढ़ें...

  • संतरा एक ऐसा फल है जिसे गर्भावस्था के लिहाज से सबसे सुरक्षित माना जा सकता है। Vitamin C के गुणों से भरपूर संतरा गर्भावस्था के दौरान आपके और उनके गर्भ में पल रहे बच्चे के लिए बहुत ही फायदेमंद होता है। वहीं, इसमें कई ऐसे पोषक तत्व होते हैं जो मां और बच्चे दोनों को ही फायदा पहुंचाते हैं।
     
  • विटामिन सी से भरपूर होने के कारण यह आपके इम्यून सिस्टम यानी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बेहतर बनाने का काम करता है।.इसके अलावा यह शरीर में आयरन और जिंक की मात्रा का स्तर बनाए रखने में भी मदद करता है।
     
  • एक अध्ययन के मुताबिक, गर्भावस्था के दौरान Vitamin C के प्रचुर सेवन से संक्रमण और दूसरी संक्रामक बीमारियों के होने का खतरा कम हो जाता है। इसके चलते बच्चे का दिमाग भी स्वस्थ बना रहता है।
     
  • एक गर्भवती महिला को प्रतिदिन के हिसाब से 80 से 85 मिलीग्राम विटामिन सी का सेवन करना चाहिए। हालांकि प्रत्येक महिला की गर्भावस्था स्थिति अलग-अलग होती है। ऐसे में आपको अपने चिकित्सक से एक बार परामर्श जरूर ले लेना चाहिए। विटामिन सी के सेवन से बच्चे का मानसिक विकास होता है। ऐसे में गर्भावस्था के दौरान संतरे का सेवन करना आपके और आपके बच्चे दोनों के लिए बेहद फायदेमंद रहता है।
     
  • गर्भावस्था में किसी कीमत पर शरीर में पानी की कमी नहीं होनी चाहिए। इस दौरान ये आवश्यक है कि गर्भवती महिला पर्याप्त मात्रा में पानी पीती रहे। ऐसे में संतरे का सेवन करने से शरीर को कुछ मात्रा में पानी तो मिलता है ही, साथ ही यह फ्लुइड में सोडियम और पोटैशियम की मात्रा को भी संतुलित बनाए रखता है।
     
  • विटामिन ‘सी’ फोलेट का एक बहुत अच्छा माध्यम है। गर्भवती महिलाओं के लिए फोलेट एक बेहद महत्वपूर्ण तत्व है। ये रेड ब्लड सेल्स के निर्माण के लिए उपयोगी होता है। साथ ही ये नई कोशिकाओं (सेल्स) के निर्माण को भी प्रोत्साहित करता है।
     
  • गर्भावस्था में नियमित रूप से विटामिन ‘सी’ का सेवन करने से यूरीन का पीएच स्तर बढ़ सकता है। ऐसे में किडनी के स्टोन के उपचार के लिए भी इसका सेवन किया जाना बेहद फायदेमंद होता है।
     
  • विटामिन ‘सी’ युक्त फलों को खाने से तनाव दूर होता है। दरअसल अधिकांश ऐसे फलों में पोटैशियम की पर्याप्त मात्रा होती है जिसके चलते ब्लड प्रेशर नियंत्रित रहता है। ऐसे में आपको तनाव से दूर रखने के लिए उन्हें संतरा खाने की सलाह दी जाती है।
     
  • संतरा व नींबू जैसे फलों में पर्याप्त मात्रा में फाइबर्स पाए जाते हैं, जिससे कब्ज की समस्या नहीं होती है। गर्भावस्था में कब्ज की समस्या हो जाना एक आम समस्या है। अगर आपके घर में भी किसी गर्भवती महिला को यह समस्या हो तो आप उसे भी संतरा खाने की सलाह दे सकते हैं।

इसे भी जानें: क्या हैं विटामिन C के फायदे माँ और बच्चे के लिए?

विटामिन सी गर्भावस्था के दौरान किन जोखिम को कम करता है?/ Vitamin C Minimizes Diseases During Pregnancy 

विटामिन सी गर्भावस्था की कई समस्याओं जैसे कि प्री-एक्लेंप्सिया, एनिमा आदि के जोखिम को कम करने में मदद करता है। इसे पढ़ें...

  • विटामिन सी एक ऐसा तत्त्व है, जो हमारे ऊतकों को रिपेयर करता है और साथ ही घाव भरने, हड्डियों के विकास और मरम्मत, और त्वचा को स्वस्थ रखने के लिए भी बहुत जरुरी है। विटामिन सी, हमारे इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाता है और बहुत से इन्फेक्शन से लड़ने की ताकत देता है। इसमें, एंटीऑक्सीडेंट पाया जाता है, जो हमारी सेल्स को डैमेज होने से बचाता है। इसलिए सभी को विटामिन सी की जरुरत होती है।
     
  • हमारे शरीर को कोलेजन के निर्माण के लिए, विटामिन सी की जरुरत होती है। कोलेजन, एक प्रकार का स्ट्रक्चरल प्रोटीन है, जो कार्टिलेज, टेंडॉन्स, बोनस, और स्किन में पाया जाता है। इसलिए यदि शरीर में विटामिन सी की कमी हो जाये, तो हड्डियां कमजोर, सूखी त्वचा जैसी समस्याएं हो जाती हैं। विटामिन सी, हमारे शरीर को आयरन अवशोषित करने में भी मदद करता है और दिमाग के सही विकास के लिए भी आयरन बहुत जरुरी है। कुछ खोजों में तो, यह बात भी सामने आई है कि यदि नवजात शिशु में, विटामिन सी की कमी हो जाये, तो उसके दिमाग का सही विकास नहीं हो पाता और शिशु को मेन्टल प्रॉब्लम भी हो सकती है। इसलिए प्रेग्नेंट वीमेन को विटामिन सी की बहुत ज्यादा जरुरत होती है। उसे अपने आहार में, आयरन के साथ-साथ, विटामिन सी युक्त चीजों को भी शामिल करना चाहिए। क्योकि, बिना विटामिन सी के, आयरन बॉडी में एब्जॉर्ब नहीं हो पाता।
     
  • हालांकि, रोजाना विटामिन सी की कितनी मात्रा लेनी है, इस बारे में कोई हार्ड एंड फास्ट नियम नहीं है, लेकिन प्रेग्नेंट वुमेन को एवरेज अमाउंट में विटामिन सी जरुर लेना चाहिए।
     
  • सिट्रस फूड्स (खट्टे फल), जैसे- संतरे, अंगूर इत्यादि, में विटामिन सी बहुत ज्यादा मात्रा में होता है। इसके अलावा, हरी सब्जियों और बहुत से फलों में भी, विटामिन सी पाया जाता है। लेकिन ध्यान रखें कि इन्हें पकाए नहीं, क्योकि विटामिन सी को गर्म करने से, यह नष्ट हो जाता है। कुछ अनाज और जूस में भी विटामिन सी पाया जाता है। संतरा, नीबू और ग्रेपफ्रूट जैसे फल विटामिन सी का सर्वश्रेष्ठ स्रोत होते हैं, जो शरीर की रोगों से लड़ने की ताकत को उभारने में मदद करता है। खट्टे फल और केले पोटैशियम का बेहतर स्रोत होते हैं, जो रक्तचाप नियमित करने में मदद करता है।

NOTE: कोशिश करें कि विटामिन सी को प्राकृतिक रूप से ही खाए, सप्लीमेंट्स पर निर्भर न रहें।
 

कहने का तात्पर्य यह है कि विटामिन ‘सी’ आपके लिए गर्भावस्था के दौरान अत्यंत आवश्यक है। इससे आपकी और आपके बच्चे की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। विटामिन ‘सी’ की कितनी मात्रा ली जाए इसके लिए अपने डॉक्टर से समय-समय पर सलाह लेती रहें।  इसे भी जानें: हमें रोजाना कितने मात्रा में Vitamin C की आवश्यकता होती है ?

आपका एक सुझाव हमारे अगले ब्लॉग को और बेहतर बना सकता है तो कृपया कमेंट करें, अगर आप ब्लॉग में दी गई जानकारी से संतुष्ट हैं तो अन्य पैरेंट्स के साथ शेयर जरूर करें।

इस ब्लॉग को पेरेंट्यून विशेषज्ञ पैनल के डॉक्टरों और विशेषज्ञों द्वारा जांचा और सत्यापित किया गया है। हमारे पैनल में निओनेटोलाजिस्ट, गायनोकोलॉजिस्ट, पीडियाट्रिशियन, न्यूट्रिशनिस्ट, चाइल्ड काउंसलर, एजुकेशन एंड लर्निंग एक्सपर्ट, फिजियोथेरेपिस्ट, लर्निंग डिसेबिलिटी एक्सपर्ट और डेवलपमेंटल पीड शामिल हैं।

  • 2
कमैंट्स ()
Kindly Login or Register to post a comment.

| Feb 12, 2020

Helpfull video

  • Reply
  • रिपोर्ट

| Feb 12, 2020

  • Reply
  • रिपोर्ट
+ ब्लॉग लिखें

टॉप गर्भावस्था ब्लॉग

Sadhna Jaiswal

आज के दिन के फीचर्ड कंटेंट

गर्भावस्था

Ask your queries to Doctors & Experts

Download APP
Loading
{{trans('web/app_labels.text_Heading')}}

{{trans('web/app_labels.text_some_custom_error')}}

{{trans('web/app_labels.text_Heading')}}

{{trans('web/app_labels.text_some_custom_error')}}