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स्वास्थ्य

इन खानों से आपके बच्चे को नहीं होगा इनडाईजेशन उसके एग्जाम के दौरान

Supriya Jaiswal
3 से 7 वर्ष

Supriya Jaiswal के द्वारा बनाई गई
संशोधित किया गया Mar 23, 2020

इन खानों से आपके बच्चे को नहीं होगा इनडाईजेशन उसके एग्जाम के दौरान
विशेषज्ञ पैनल द्वारा सत्यापित

बच्चों के एग्जाम के दौरान उनके खाने-पिने और उनकी अच्छी सेहत का ज्यादा खयाल रखना पड़ता है। ऐसे में अगर उन्हें इनडाईजेशन की समस्या हो जाये तो उनका दिमाग पढाई में नहीं लग पता है | सभी बच्चों में खाने पीने की आदतें अलग-अलग होती हैं और इनडाईजेशन की वजह से उन्हें गैस,पेट दर्द और कब्ज आदि जैसी समस्याएं हो जाती हैं।निचे दिए गये नुस्‍खों की मदद से न सिर्फ आपके बच्चों का पेट हेल्‍दी रहेगा यहां तकि यह उनका हाजमा भी दुरूस्‍त रखने में मदद करेगा
 

बच्चे की परीक्षा के दौरान भोजन में इन खाद्य पदार्थों को जरूर करें शामिल / Smart Tips For Diet During Exams In Hindi

बच्चे की परीक्षा के दौरान खान-पीन को लेकर भी खासी सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है। परीक्षा के समय में इस तरह का खाना खिलाएं ताकि बच्चे को अपच और पेट से संबंधित समस्याएं ना हों। 

  • योगर्ट(दही)-- योगर्ट  में बेक्टेरिया पाया जाता है जो पेट के लिए बहुत ही फायदेमंद होता है | एक कटोरी दही आप अपने बच्चे के डाइट में रोज दे सकते है | योगर्ट के सेवन से शरीर को डिटोक्सिफाई भी किया जा सकता हैं। आप चाहें तो इसमें सीजनल फल भी डाल कर दे सकती हैं। इससे ब्लोटिंग कम होती है और यह कई तरह से फायदा भी पहुंचाता है।
     
  • ओटमिल--आप बच्चो को नास्ते में ओटमिल भी खाने को दे सकती है क्युकी यह ब्लोटिंग से बचाता है और पाचन तंत्र को सही कर सकता हैं। ओटमिल में उच्च मात्रा में फाइबर होता है जो बच्चो पेट को हल्का महसूस करवाता है। आप चाहें तो इसमें केला मिला सकती हैं, इससे उनके शरीर को पोटैशियम मिलता है।
     
  • कुछ खास फल पाचन के लिए -- पपीता ,किवी ,अवकाड़ो,तरबूज, अंगूर,सेब, अनानास ,केला और आम का सेवन करके भी ब्लोटिंग से नहीं होता हैं। इन फलों में भी पानी होता है जो कि ब्लोटिंग को रोकता है और पाचन तंत्र को बढ़ाने में मदद करता है। इन फलों में विटामिन और मिनरल्स भी होते हैं जो कि शरीर के लिए फायदेमंद होते हैं।
     
  • फाइबरयुक्त चीजे खाने को दे-- दिन में पानी की मात्रा ज्यादा से ज्यादा लें और फाइबरयुक्त चीजों को रोज के खाने में शामिल करें। ब्राउन राइस ,व्होल ग्रेन ब्रेड ,ओअट्स ,मक्का ,अनाज आदि में फाइबर पाया जाता है जो गैस और इनडाईजेशन होने से रोकता है | खानें में लहसुन जरूर का प्रयोग भी करे |
     
  • ताजा सब्जियां खिलाये --सब्जियों में पेट के लिए फलियां, कद्दू, गोभी, गाजर ,शकरकंद ,चुकंदर और लौकी ग्रीन बीन्स को शामिल करें। आप अदरक का इस्तेमाल भी कर सकते है क्युकी इसके पाचन से सम्बंधित बहुत सी खुबिया है यह उल्टी ,पेट ख़राब ,गैस और भूख की कमी को दूर करता है |पर इसका सेवन २-३ ग्राम से ज्यादा ना कराये |
     
  • निम्बू पानी -- एग्जाम के समय बच्चो को निम्बू पानी देने से उन्हें नहीं होगा क्युकी निम्बू में विटामिन सी होता है जो डाइजेशन को सही करता है |आप चाहे तो सुबह सुबह हल्के गरम पानी में निम्बू पानी दे सकती है |
     
  • खीरा -- खीरा फाइबर से बरपुर होता है इसके अलावा इसमें मिनरल जैसे की कैल्शियम ,फोलेत फैट ,विटामिन सी ,प्रोटीन पाया जाता है जो डाईजेशन को ठीक रखता है |
     
  • चबा चबा कर खाना सिखाये --पाचन का मतलब होता है कार्बोहाइटड्रेट जैसे स्टार्च और शुगर का पाचन, जो मुंह में स्लाइवा और एंजाइम के जरिए होता है। ये एंजाइम खाने को छोटे-छोटे टुकड़ों में तोड़ते बल्कि बैक्टेरिया से भी लड़ते हैं। इसलिए बच्चो को हमेशा चबा-चबा कर खाने को खाना सिखाये।खाने को चबा-चबा कर खाने से पाचन आसानी से हो जाता है।
     
  • फास्ट फूड को कहें 'नो'--फास्ट फूड बच्चो का पसंदीदा खाना होता है।पर ये ना  भूले कि फास्ट फूड पेट के लिए जहर से भी बढ़कर है। यह बच्चो के पाचन प्रक्रिया को खराब करने के साथ ही शारीर को भी भदा बनाता है। इसलिए खासकर एग्जाम के समय अच्छे पेट के लिए फास्ट फूड को पूरी तरह नजरअंदाज करें।

अपने बच्चे का डाइट प्लान बांनाए और उसे फॉलो करे। पाचन क्रिया को दुरूस्‍त बनाने के लिए आपको सही और नियमित डाइट का पालन करना पड़ेगा। सुबह नाश्‍ता, दोपहर का भोजन और रात्रि में भोजन सही समय पर दें और रोजाना एक ही समय पर दें। 

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इस ब्लॉग को पेरेंट्यून विशेषज्ञ पैनल के डॉक्टरों और विशेषज्ञों द्वारा जांचा और सत्यापित किया गया है। हमारे पैनल में निओनेटोलाजिस्ट, गायनोकोलॉजिस्ट, पीडियाट्रिशियन, न्यूट्रिशनिस्ट, चाइल्ड काउंसलर, एजुकेशन एंड लर्निंग एक्सपर्ट, फिजियोथेरेपिस्ट, लर्निंग डिसेबिलिटी एक्सपर्ट और डेवलपमेंटल पीड शामिल हैं।

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